गुरु पूर्णिमा के बारे में ये विशेष जानकारी क्या जानते है आप

गुरु पूर्णिमा एक ऐसा पर्व है जिसमें हम अपने गुरुजनों का मान सम्मान करते हैं। और यह पर्व गुरुजनों का मान सम्मान करने के लिए ही मनाया जाता है। आपको बता दे की इस विशेष पर्व को आषाढ़ महीने की पूर्णिमा के दिन मनाया जाता है। इस पर्व में गुरुजनों के द्वारा हमें अज्ञानता में भी ज्ञान की प्राप्ति होती है। अगर आप गलत रास्ते पर जा रहे हैं तो गुरुजनों के द्वारा हमें सही रास्ता दिखाया जाता है। आपको बता दे की गुरु पूर्णिमा एक बहुत ही महान पर्व माना जाता है और जानकारी के लिए बता दे की इस दिन ज्योतिष शास्त्र और वेदों के ज्ञान के अनुसार भगवान विष्णु के अवतार वेदव्यास जी ने जन्म लिया था।

कब है गुरु पूर्णिमा :

बता दे की इस बार गुरु पूर्णिमा 27 जुलाई को मानाय जा जाएगा। जिसके लिए अलग-अलग मंदिरों आश्रमों में तैयारियां लगभग पूरी हो चुकी हैं।

क्यों मनाया जाता है गुरु पूर्णिमा :

बता दे की शास्त्रों के अनुसार गुरु पूर्णिमा का बहुत ज्यादा महत्व है और साथ ही गुरु पूर्णिमा के दिन वेदों के रचयिता महर्षि कृष्ण द्वैपायन वेदव्यास का जन्मदिन भी मनाया जाता है और इसीलिए गुरुपूर्णिमा को गुरु की पूजा किया जाता है।

क्या है महत्व :

वेदव्यास जी ने महाभारत की पूरी रचना की थी। कौरव, पांडव गुरु वेद व्यास जी को अपना गुरु मानते थे। बहुत समय पहले जब स्कूल और कॉलेज नहीं होते थे,तब सभी बच्चे गुरु के आश्रम में ज्ञान की प्राप्ति करते थे। उस समय गुरुदेव बच्चों को निशुल्क शिक्षा दिया करते थे। विद्या का अध्ययन करने के बदले में विद्यार्थी अपने गुरुजनों की आज्ञा का पालन करते थे,और उनका मान सम्मान के साथ आदर और अपने गुरुजनों की पूजा करते थे।