Romantic Shayari

तुम्हे देख कर ये निगाह झुक जाए गी खामोशी
अब हर बात कह जाए गी पढ़ लेना इन आँखों में
अपनी मुहब्बत को तेरी कसम सारी कायनात वहीं रुक जाए गी

जादू है उसकी हर एक बात मे,
याद बहुत आती है दिन और रात मे,
कल जब देखा था मैने सपना रात मे,
तब भी उसका ही हाथ था मेरे हाथ मे

क्या ये असर मोहब्बत का है,
या कुछ और है आजकल,
तुम भी कुछ कुछ मेरी तरहा सोचते होगे जानता हूँ
की ये पागलपन है मेरा,
ये सोचना की पढ़ के इसे इस पल तुम मुस्कुरा रहे होगे…

जब ख़याल आया तो खयाल भी उनका आया
जब आँखे बंद की ख्वाब भी उनका आया ,
सोचा याद कर लू किसी और को
मगर होठ खुले तो नाम भी उनका आया.. !!

मीठी सी हवा लगी अभी अभी क्या आप ने याद किया
आप को देखने को दिल तरसे कभी कभी फिर भी
यूँ लगे आप हमे मिल कर गये अभी अभी

राज़ दिल का दिल में छुपाते है वो,
सामने आते ही नज़र झुकाते है वो,
बात करते नही, या होती नही,
पर शूकर है जब भी मिलते है मुस्कुराते है वो.

तू साथ मेरे है,तू पास मेरे है, जानता हू मैं
ये दिन सुनहरे हैं. इस दिल की खातिर तू
पास है मेरे, जाने क्या क्या इस दिल में,अरमान तेरे हैं.

याद है मुझे वो पहली मुलाकात,
जैसे हो बरसात की कोई रात,
वो तेरा धीरे से मुस्कुराना,
मुझे देख के यूँ नज़रें चुराना,

वो हसना, वो खिलखिलाना ,
वो मुस्कुराना तुम्हारा वो बातें,
वो रातें ,वो मुलाक़ाते तुमसे मेरी

मुस्कान बन जाता है कोई, दिल की धड़कन बन जाता है
कोई, कैसे जिए एक पल भी उन के बिन,
जब ज़िंदगी जीने की वजह बन जाता है